Close Menu
Bharat Speaks
  • Trending
  • Motivation
  • Health
  • Education
  • Development
  • About Us
What's Hot

₹94 हजार के चार लैपटॉप की ठगी: RML अस्पताल परिसर में फिल्मी अंदाज में वारदात, नंबर प्लेट छिपाकर डिलीवरी बॉय को बनाया शिकार

July 11, 2026

NCERT पेपर सप्लायर मामला: अदालत में पेश न होने पर शिक्षा मंत्रालय ने अधिकारियों के खिलाफ जांच के आदेश दिए

July 11, 2026

अमेरिका भेजने के नाम पर ₹12.30 लाख की ठगी: मलेशिया भागने की कोशिश में मुख्य आरोपी गिरफ्तार, ‘डंकी रूट’ से भेजने का आरोप

July 11, 2026
Facebook X (Twitter) Instagram
Facebook X (Twitter) Instagram
Bharat Speaks
Subscribe
  • Trending
  • Motivation
  • Health
  • Education
  • Development
  • About Us
Bharat Speaks
Home»Education»NCERT पेपर सप्लायर मामला: अदालत में पेश न होने पर शिक्षा मंत्रालय ने अधिकारियों के खिलाफ जांच के आदेश दिए
Education

NCERT पेपर सप्लायर मामला: अदालत में पेश न होने पर शिक्षा मंत्रालय ने अधिकारियों के खिलाफ जांच के आदेश दिए

Team Bharat SpeaksBy Team Bharat SpeaksJuly 11, 2026No Comments3 Mins Read
Facebook Twitter LinkedIn Telegram WhatsApp Email
दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान अनुपस्थित रहने पर कार्रवाई की तैयारी; दो वर्ष के ब्लैकलिस्टिंग आदेश और पाठ्यपुस्तकों के लिए कागज आपूर्ति विवाद से जुड़ा मामला
Share
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

नई दिल्ली। केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) के उन अधिकारियों के खिलाफ जांच और कार्रवाई के निर्देश दिए हैं, जो कागज आपूर्तिकर्ता कंपनी को ब्लैकलिस्ट किए जाने से जुड़े मामले में दिल्ली हाईकोर्ट के समन के बावजूद कथित रूप से अदालत में उपस्थित नहीं हुए।

मामला मुंबई स्थित बाफना ग्लोबल वेंचर प्राइवेट लिमिटेड से जुड़ा है, जो NCERT की पाठ्यपुस्तकों की छपाई के लिए कागज की आपूर्ति करती है। कंपनी ने 24 जून को दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर कर NCERT द्वारा 22 जून को जारी उस आदेश को चुनौती दी थी, जिसके तहत उसे दो वर्षों के लिए परिषद की निविदा (टेंडर) प्रक्रिया में भाग लेने से प्रतिबंधित कर दिया गया।

NCERT का आरोप है कि कंपनी निर्धारित समयसीमा के भीतर कागज की आपूर्ति करने में विफल रही, जिसके कारण चालू शैक्षणिक सत्र के लिए पाठ्यपुस्तकों की छपाई में देरी हुई। परिषद ने इसी कथित अनुबंध उल्लंघन के आधार पर कंपनी को ब्लैकलिस्ट करने का निर्णय लिया था।

शिक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता ने पुष्टि की कि मंत्रालय ने अदालत में अधिकारियों की कथित अनुपस्थिति को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। मंत्रालय ने कहा कि यह कदम प्रशासनिक और कानूनी प्रक्रियाओं में लापरवाही के प्रति उसकी “जीरो टॉलरेंस” नीति को दर्शाता है।

मामले से जुड़े सूत्रों के अनुसार, समन जारी होने के बावजूद सुनवाई के दौरान NCERT की ओर से कोई अधिकारी अदालत में उपस्थित नहीं हुआ। इसके बाद मंत्रालय ने पूरे घटनाक्रम की जांच कर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ आवश्यक प्रशासनिक और कानूनी कार्रवाई पर विचार शुरू किया है।

सुनवाई के दौरान दिल्ली हाईकोर्ट ने फिलहाल NCERT को कंपनी द्वारा जमा कराई गई ₹6 करोड़ की बैंक गारंटी भुनाने (Invoke) से भी रोक दिया है। मामले की अगली सुनवाई 20 जुलाई को निर्धारित की गई है।

Registration Begins for FutureCrime Summit 2026, India’s Largest Cybercrime Conference

कंपनी का कहना है कि पश्चिम एशिया संकट के कारण हाइड्रोजन पेरॉक्साइड की कमी हो गई थी, जो कागज निर्माण में उपयोग होने वाला एक महत्वपूर्ण रसायन है। इसी वजह से वह समय पर आपूर्ति करने में असमर्थ रही।

यह विवाद ऐसे समय सामने आया है जब चालू शैक्षणिक वर्ष में संशोधित कक्षा 8 और कक्षा 9 की कुछ NCERT पाठ्यपुस्तकों की उपलब्धता में देरी को लेकर भी सवाल उठे थे। हालांकि, NCERT ने इस देरी के कारणों पर विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की है।

इससे पहले भी इसी शैक्षणिक सत्र में NCERT विवादों में रहा था, जब सुप्रीम कोर्ट ने न्यायपालिका से जुड़े विवादित अध्याय वाली कक्षा 8 सामाजिक विज्ञान (भाग-2) की पुस्तक के वितरण पर रोक लगा दी थी। इसके बाद परिषद ने संबंधित अध्याय हटाकर संशोधित संस्करण जारी किया था।

फ्यूचर क्राइम रिसर्च फाउंडेशन (FCRF) के अनुसार, सार्वजनिक खरीद (Public Procurement) से जुड़े मामलों में पारदर्शी अनुबंध प्रबंधन, समय पर कानूनी अनुपालन, उचित दस्तावेजीकरण और अदालतों में प्रभावी प्रतिनिधित्व अत्यंत महत्वपूर्ण होता है। संस्थागत जवाबदेही और मजबूत प्रशासनिक प्रक्रियाएं ऐसे विवादों को कम करने तथा सार्वजनिक हित की रक्षा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।

फिलहाल मामला दिल्ली हाईकोर्ट में विचाराधीन है। अदालत में चल रही सुनवाई के साथ-साथ शिक्षा मंत्रालय द्वारा NCERT अधिकारियों की भूमिका की जांच भी जारी रहेगी और जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

📲 Join Our WhatsApp Channel
Algoritha Registration
Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram Email
Previous Articleअमेरिका भेजने के नाम पर ₹12.30 लाख की ठगी: मलेशिया भागने की कोशिश में मुख्य आरोपी गिरफ्तार, ‘डंकी रूट’ से भेजने का आरोप
Next Article ₹94 हजार के चार लैपटॉप की ठगी: RML अस्पताल परिसर में फिल्मी अंदाज में वारदात, नंबर प्लेट छिपाकर डिलीवरी बॉय को बनाया शिकार
Team Bharat Speaks
  • Website

Related Posts

NEET-PG 2026: परीक्षा से पहले NBEMS की बड़ी चेतावनी, OTP और परीक्षा संबंधी गोपनीय जानकारी साझा न करें

July 7, 2026

Digital Childhood Crisis: How Excessive Screen Time Is Reshaping Young Minds

July 7, 2026

एम्स्टर्डम एयरपोर्ट से लौटाया गया भारतीय छात्र: एक साल पहले रद्द हो चुका था F-1 वीजा, अमेरिका पहुंचने से पहले ही रोकी गई यात्रा

June 24, 2026
Add A Comment
Leave A Reply Cancel Reply

Top Posts

Subscribe to Updates

Get the latest sports news from SportsSite about soccer, football and tennis.

Welcome to BharatSpeaks.com, where our mission is to keep you informed about the stories that matter the most. At the heart of our platform is a commitment to delivering verified, unbiased news from across India and beyond.

We're social. Connect with us:

Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
Top Insights
Get Informed

Subscribe to Updates

Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

© 2026 Bharat Speaks.
  • Trending
  • Motivation
  • Health
  • Education
  • Development
  • About Us

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.