नई दिल्ली: Capital Market Regulator Securities and Exchange Board of India (SEBI) ने अनिवार्य Renewal Fee का भुगतान नहीं करने पर 25 Registered Research Analysts के Registration Certificates रद्द कर दिए हैं। कार्रवाई में Karvy Stock Broking समेत कई कंपनियां और Individual Research Analysts शामिल हैं। नियामक ने कहा कि संबंधित इकाइयों को Registration जारी रखने के लिए निर्धारित Renewal Fee जमा करनी थी, लेकिन तय समयसीमा बीतने के बावजूद भुगतान नहीं किया गया।
SEBI के आदेश के मुताबिक, इन 25 इकाइयों की Renewal Fee की Due Dates मार्च 2020 से अक्टूबर 2025 के बीच थीं। नियामक ने संबंधित पक्षों को पहले नोटिस जारी कर यह बताने का अवसर दिया था कि उनके Registration Certificates को Cancel या Suspend क्यों नहीं किया जाना चाहिए। इसके बावजूद Renewal Fee के भुगतान से जुड़े तथ्यात्मक निष्कर्ष को चुनौती देने के लिए पर्याप्त आधार या सबूत सामने नहीं रखा गया।
Karvy Stock Broking समेत कई नाम शामिल
Registration Certificates रद्द किए गए पक्षों में Karvy Stock Broking के अलावा Financial Leader Advisory Services, Finquest Securities, Sharewealth Securities, Jhaveri Securities, Ajay Gupta, Anurag Jain, Shian Capital और Dipesh Mehta समेत अन्य नाम शामिल हैं।
SEBI की कार्रवाई SEBI Intermediaries से जुड़े नियमों और Research Analysts के लिए लागू नियामकीय प्रावधानों के तहत की गई है। नियामक के अनुसार, Research Analyst के रूप में काम करने के लिए Registration Certificate का वैध होना जरूरी है। इसके लिए निर्धारित अवधि पूरी होने पर Renewal प्रक्रिया और संबंधित Fee का भुगतान करना होता है।
हर 5 साल में Renewal Fee जरूरी
SEBI के नियमों के तहत Registered Research Analysts को Registration की तारीख से हर पांच वर्ष में Renewal Fee का भुगतान करना होता है। इसका उद्देश्य Registration Certificate की वैधता बनाए रखना है। यदि निर्धारित समय के भीतर Renewal Fee जमा नहीं की जाती, तो Registration की स्थिति प्रभावित हो सकती है।
इस मामले में SEBI ने पाया कि 25 इकाइयों ने अपनी संबंधित Due Dates बीतने के बाद भी Renewal Fee का भुगतान नहीं किया। इनमें कुछ Registration काफी समय पहले Renewal के लिए Due हो चुके थे। नियामक ने इसी आधार पर Certificates को रद्द करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई।
2025 और 2026 में जारी किए गए थे Notices
SEBI ने संबंधित इकाइयों को फरवरी 2025 और मई 2026 में Notices जारी किए थे। इन Notices के माध्यम से उनसे पूछा गया था कि उनके Registration Certificates को Cancel या Suspend क्यों नहीं किया जाना चाहिए।
नियामकीय आदेश के अनुसार, संबंधित पक्षों को अपनी स्थिति स्पष्ट करने का अवसर दिया गया था। हालांकि, किसी भी Noticee की ओर से Renewal Fee का भुगतान नहीं किए जाने से जुड़े मूल तथ्य को खारिज करने वाला पर्याप्त Evidence प्रस्तुत नहीं किया गया।
SEBI की Chief General Manager Shoma Majumdar ने आदेश में कहा कि संबंधित Noticees ने SEBI (Research Analysts) Regulations, 2014 के तहत निर्धारित Renewal Fees का भुगतान नहीं किया। इसी आधार पर Registration Certificates को रद्द करने का निर्णय लिया गया।
Expired Certificate के Misuse पर SEBI की नजर
SEBI ने स्पष्ट किया कि Registration Certificate रद्द करने की कार्रवाई का एक प्रमुख उद्देश्य Expired Registration Certificates के संभावित Misuse को रोकना है। नियामक के अनुसार, किसी व्यक्ति या संस्था का Registration समाप्त हो जाने के बाद भी यदि वह पुराने Certificate का इस्तेमाल Research Analyst के रूप में अपनी पहचान स्थापित करने के लिए करता है, तो इससे Investors के बीच भ्रम पैदा हो सकता है।
नियामक ने यह भी साफ किया कि Registration Certificate Cancel होने से संबंधित संस्थाओं या व्यक्तियों की पहले की गतिविधियों से जुड़ी Liability समाप्त नहीं होती। यानी Registration रद्द किए जाने के बावजूद Research Analyst के रूप में उनके द्वारा किए गए या नहीं किए गए कार्यों के लिए लागू कानूनी जिम्मेदारियां बनी रह सकती हैं।
Investors के लिए क्या मायने रखता है?
SEBI की यह कार्रवाई Investors के लिए भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि Research Analysts की सलाह पर निवेश संबंधी फैसले लेने वाले लोगों के लिए Analyst का Valid Registration एक अहम सुरक्षा पहलू है। Registration Certificate की वैधता समाप्त होने के बाद संबंधित व्यक्ति या संस्था SEBI के Registered Research Analyst के रूप में अपनी स्थिति का दावा नहीं कर सकती।
25 Certificates रद्द किए जाने के बाद अब संबंधित इकाइयों के Regulatory Status पर नजर रखना जरूरी होगा। SEBI की कार्रवाई यह भी संकेत देती है कि नियामक Registration से जुड़ी Compliance Requirements को केवल औपचारिक प्रक्रिया नहीं मान रहा है।
फिलहाल 25 Research Analysts के Registration Certificates Renewal Fee का भुगतान नहीं किए जाने के कारण रद्द किए गए हैं। संबंधित इकाइयों पर आगे की कोई कार्रवाई उनके मामले की परिस्थितियों और लागू Regulatory Framework के अनुसार तय की जाएगी।
