तिरुवनंतपुरम: लियोनेल मेसी की अगुवाई वाली अर्जेंटीना फुटबॉल टीम के केरल दौरे और प्रस्तावित फ्रेंडली मैच से जुड़ा विवाद अब कथित GST फ्रॉड और निजी प्रायोजक के चयन में अनियमितताओं तक पहुंच गया है। केरल के मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने गुरुवार को कहा कि खेल विभाग की ओर से सौंपी गई प्रारंभिक जांच रिपोर्ट सरकार गंभीरता से देख रही है। रिपोर्ट में विदेशी भुगतान पर कथित टैक्स गड़बड़ी, निजी कंपनी के चयन में पारदर्शी प्रक्रिया की कमी और आयोजन से जुड़े कई नियमों के उल्लंघन की ओर इशारा किया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वित्त विभाग राज्य के राजस्व को हुए संभावित नुकसान का आकलन करेगा और यदि जरूरत हुई तो उसकी वसूली के लिए कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि फिलहाल राज्य सरकार स्वयं मामले की जांच कर रही है और जरूरत पड़ने पर केंद्रीय जांच एजेंसियों को भी संदर्भ भेजा जा सकता है।
निजी प्रायोजक के चयन पर उठे सवाल
मुख्यमंत्री ने सवाल उठाया कि अर्जेंटीना टीम के प्रस्तावित आयोजन के लिए निजी कंपनी को किस प्रक्रिया के तहत प्रायोजक चुना गया। उन्होंने कहा कि यह भी जांच का विषय है कि क्या इसके लिए Expression of Interest जारी किया गया था और कंपनी की वित्तीय क्षमता तथा धन के स्रोत की पर्याप्त जांच की गई थी।
सरकार के अनुसार, प्रारंभिक जांच में आयोजन से संबंधित कई प्रक्रियागत खामियां सामने आई हैं। रिपोर्ट में कथित तौर पर कहा गया है कि अर्जेंटीना फुटबॉल एसोसिएशन (AFA), केरल सरकार और निजी प्रायोजक के बीच कोई औपचारिक समझौता नहीं हुआ था। आयोजन से जुड़ी औपचारिक बातचीत भी मुख्य रूप से तत्कालीन खेल मंत्री के कार्यालय तक सीमित रहने का आरोप है।
विदेशी भुगतान पर GST गड़बड़ी का आरोप
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रथम दृष्टया GST से जुड़ी गड़बड़ी के संकेत मिले हैं। उनके मुताबिक, विदेशी भुगतान और उससे जुड़े टैक्स दायित्वों की भी जांच की जाएगी। राज्य सरकार यह पता लगाने की कोशिश करेगी कि आयोजन के लिए हुए वित्तीय लेनदेन में GST नियमों का पालन हुआ था या नहीं और यदि नहीं हुआ तो सरकारी राजस्व को कितना नुकसान पहुंचा।
सतीशन ने कहा कि निजी कंपनी को पहले नोटिस दिए जाने के बावजूद जांच आगे नहीं बढ़ी। अब नई रिपोर्ट के आधार पर मामले की दोबारा समीक्षा की जा रही है। सरकार यह भी देख रही है कि क्या आयोजन से जुड़े पक्षों ने परिस्थितियों का फायदा उठाकर राज्य के हितों को नुकसान पहुंचाया।
2023 में हुआ था मेसी को लाने का ऐलान
वर्ष 2023 में तत्कालीन खेल मंत्री वी. अब्दुरहीमान ने घोषणा की थी कि केरल सरकार निजी कंपनी RBC के साथ मिलकर कोच्चि के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में अर्जेंटीना की टीम का प्रदर्शनी मैच आयोजित करेगी। दावा किया गया था कि इससे सरकारी खजाने पर कोई खर्च नहीं आएगा।
तत्कालीन मंत्री ने अर्जेंटीना फुटबॉल एसोसिएशन के अधिकारियों से बातचीत के लिए स्पेन की यात्रा भी की थी। उस समय यह दावा किया गया था कि AFA ने मेसी समेत अर्जेंटीना के प्रतिनिधिमंडल को केरल भेजने पर सहमति जताई है। हालांकि, प्रस्तावित आयोजन अंततः नहीं हो सका।
जांच रिपोर्ट में कई प्रक्रियागत उल्लंघन
प्रारंभिक जांच रिपोर्ट में आयोजन की योजना और प्रायोजक के चयन से संबंधित कई सवाल उठाए गए हैं। इनमें औपचारिक समझौते का अभाव, पारदर्शी टेंडर प्रक्रिया नहीं अपनाना और विदेशी भुगतान से जुड़े कथित टैक्स उल्लंघन प्रमुख हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, प्रायोजक का चयन करने से पहले वित्तीय क्षमता और फंडिंग के स्रोत जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं का पर्याप्त मूल्यांकन नहीं किया गया। सरकार अब इन सभी पहलुओं की स्वतंत्र रूप से जांच कर रही है।
पूर्व मंत्री और कंपनी ने आरोप खारिज किए
पूर्व खेल मंत्री वी. अब्दुरहीमान और संबंधित निजी कंपनी ने जांच रिपोर्ट में लगाए गए आरोपों को खारिज किया है। कंपनी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने सरकार पर उसे निशाना बनाने का आरोप भी लगाया था। मुख्यमंत्री ने इस आरोप को खारिज करते हुए कहा कि जांच रिपोर्ट हाल ही में उन्हें मिली है और उन्होंने अभी इस पर कोई अंतिम कार्रवाई नहीं की है।
जरूरत पड़ी तो केंद्रीय एजेंसियों को सौंपा जाएगा मामला
संभावित मनी लॉन्ड्रिंग या अन्य वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले राज्य सरकार रिपोर्ट और उपलब्ध रिकॉर्ड की जांच करेगी। यदि जांच के दौरान केंद्रीय एजेंसियों की आवश्यकता महसूस हुई तो मामला उनके पास भेजा जाएगा।
सरकार अब आयोजन से जुड़े समझौतों, विदेशी भुगतान, GST रिकॉर्ड, प्रायोजक चयन प्रक्रिया और संबंधित वित्तीय लेनदेन की पड़ताल कर रही है। जांच के निष्कर्षों के आधार पर यह तय होगा कि कथित अनियमितताओं के लिए कौन जिम्मेदार था और राज्य को हुए संभावित वित्तीय नुकसान की भरपाई कैसे की जाएगी।
