नई दिल्ली। IIFL Capital Services Ltd ने अपने ग्राहकों को निवेश से जुड़े साइबर फ्रॉड को लेकर अलर्ट जारी किया है। कंपनी के मुताबिक, कुछ लोग सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर IIFL के कर्मचारी, एजेंट और अधिकृत प्रतिनिधि बनकर लोगों से संपर्क कर रहे हैं। कथित ठग WhatsApp, Telegram, Facebook और Instagram के जरिए निवेशकों को फर्जी ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म, वेबसाइट और मोबाइल ऐप से जोड़ने की कोशिश कर रहे हैं। कंपनी ने ग्राहकों से किसी भी व्यक्ति की पहचान और निवेश प्रस्ताव की आधिकारिक माध्यम से पुष्टि करने की अपील की है।
IIFL Capital, जिसका पुराना नाम IIFL Securities था, SEBI-पंजीकृत स्टॉक ब्रोकर है। कंपनी ने सार्वजनिक नोटिस में चेतावनी दी है कि ठग IIFL का नाम, ट्रेडमार्क, SEBI रजिस्ट्रेशन प्रमाणपत्र और कंपनी के होल टाइम डायरेक्टर नरेंद्र जैन के नाम का इस्तेमाल कर लोगों में भरोसा पैदा कर सकते हैं। इसके अलावा तकनीक की मदद से बनाए गए डीपफेक वीडियो, फोटो और ऑडियो का भी इस्तेमाल किए जाने की आशंका जताई गई है।
कंपनी के अनुसार, संदिग्ध लोग IIFL जैसी दिखने वाली फर्जी वेबसाइट, अनरजिस्टर्ड ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म और मोबाइल एप्लिकेशन उपलब्ध करा रहे हैं। इनके जरिए निवेशकों को इंस्टीट्यूशनल अकाउंट, गारंटीड रिटर्न और प्री-आईपीओ शेयर जैसे आकर्षक ऑफर दिए जा रहे हैं। प्री-आईपीओ का मतलब किसी कंपनी के शेयरों को शेयर बाजार में सूचीबद्ध होने से पहले खरीदना है। ठग ऐसे ऑफर को बड़े निवेशकों के लिए उपलब्ध विशेष अवसर के रूप में पेश कर लोगों से रकम ट्रांसफर करा सकते हैं।
IIFL ने अपने अलर्ट में “AB04 IIFL Wealth Discussion Group” और “AB17 IIFL Wealth Discussion Group” नाम के दो ग्रुप का भी उल्लेख किया है। इसके अलावा कुछ मोबाइल नंबरों को भी संदिग्ध गतिविधियों से जोड़कर बताया गया है। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि इन ग्रुप, लिंक और नंबरों का IIFL से कोई संबंध नहीं है। हालांकि, ग्राहकों को यह भी चेतावनी दी गई है कि किसी दूसरे नंबर या सोशल मीडिया अकाउंट का नाम इस सूची में न होना उसकी वास्तविकता की गारंटी नहीं है।
कंपनी के नोटिस में IIFL के सिस्टम हैक होने, ग्राहकों का डेटा लीक होने या ट्रेडिंग अकाउंट बंद किए जाने की जानकारी नहीं दी गई है। यह चेतावनी मुख्य रूप से कंपनी की पहचान की नकल कर निवेशकों को ठगने की कथित कोशिशों को लेकर है। खतरा उस समय बढ़ जाता है जब कोई ग्राहक फर्जी लिंक खोलता है, अनधिकृत ऐप इंस्टॉल करता है या अपना यूजर आईडी, पासवर्ड, OTP अथवा TPIN किसी दूसरे व्यक्ति को बता देता है।
फर्जी ऐप के जरिए ठग ट्रेडिंग या अन्य संवेदनशील जानकारी तक पहुंचने की कोशिश कर सकते हैं। वहीं, स्क्रीन शेयरिंग या रिमोट एक्सेस ऐप के जरिए मोबाइल पर आने वाले संदेश, बैंकिंग जानकारी और अन्य निजी डेटा देखा जा सकता है। इसलिए कंपनी ने ग्राहकों को WhatsApp, Telegram या सोशल मीडिया से मिले किसी भी लिंक के जरिए लॉगिन नहीं करने की सलाह दी है।
ग्राहकों को IIFL की आधिकारिक वेबसाइट या ऐप खुद खोलकर अपने होल्डिंग, लेजर, हाल के ट्रेड, ओपन ऑर्डर और लिंक बैंक अकाउंट की जांच करनी चाहिए। किसी भी अनजान गतिविधि या बदलाव की जानकारी तुरंत कंपनी को देनी चाहिए। जरूरत पड़ने पर पासवर्ड बदलने, पुराने लॉगिन सेशन बंद करने और टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन सक्रिय करने की सलाह दी गई है।
IIFL ने यह भी स्पष्ट किया है कि किसी कर्मचारी, एडवाइजर या अन्य व्यक्ति के निजी बैंक खाते अथवा UPI ID में पैसा ट्रांसफर न करें। भुगतान केवल कंपनी के आधिकारिक क्लाइंट बैंक अकाउंट में किया जाना चाहिए। किसी भी लेनदेन से पहले लाभार्थी का विवरण सावधानी से जांचना जरूरी है।
यदि किसी ग्राहक ने पहले ही पैसा भेज दिया है या संवेदनशील जानकारी साझा कर दी है तो उसे संदिग्ध व्यक्ति से संपर्क तुरंत बंद कर देना चाहिए। चैट, मोबाइल नंबर, वेबसाइट लिंक, ऐप, स्क्रीनशॉट, बैंक विवरण और भुगतान की UTR जैसी जानकारी सुरक्षित रखनी चाहिए। इसके बाद बैंक और IIFL को तत्काल सूचना देने के साथ पुलिस या साइबर अपराध प्राधिकरण में शिकायत करनी चाहिए।
निवेशकों को गारंटीड रिटर्न, रोजाना तय मुनाफे, बिना जोखिम अधिक लाभ या पक्के प्री-आईपीओ अलॉटमेंट के दावों से सावधान रहने की जरूरत है। IIFL ने ग्राहकों से APK या अनजान ऐप इंस्टॉल नहीं करने, OTP, पासवर्ड, TPIN और बैंकिंग जानकारी साझा नहीं करने तथा किसी अजनबी के कहने पर स्क्रीन शेयरिंग या रिमोट एक्सेस चालू नहीं करने को कहा है।
कंपनी ने कहा है कि उसके कर्मचारी, एजेंट या प्रतिनिधि बनकर संपर्क करने वाले अनधिकृत लोगों की ओर से किए जा रहे लेनदेन कंपनी द्वारा अधिकृत नहीं हैं। निवेशकों के लिए सबसे अहम सावधानी यही है कि केवल कंपनी का लोगो, SEBI प्रमाणपत्र, अधिकारी की तस्वीर या वीडियो देखकर किसी प्रस्ताव पर भरोसा न करें। डीपफेक तकनीक के जरिए वास्तविक दिखने वाली पहचान और वीडियो भी तैयार किए जा सकते हैं।
