नई दिल्ली: बॉलीवुड अभिनेता गोविंदा ने अपनी निजी और पारिवारिक जिंदगी से जुड़े कथित झूठे और मानहानिकारक दावों को लेकर कड़ा कानूनी रुख अपनाया है। अभिनेता की ओर से जारी कानूनी नोटिस में मीडिया संस्थानों, डिजिटल प्लेटफॉर्म और कंटेंट क्रिएटर्स को बिना पुष्टि के उनके या उनके परिवार से जुड़ी सामग्री प्रकाशित, अपलोड, प्रसारित या साझा करने के खिलाफ चेतावनी दी गई है। नोटिस में ऐसे मामलों में ₹100 करोड़ तक के हर्जाने की मांग किए जाने की बात कही गई है।
यह कानूनी चेतावनी ऐसे समय सामने आई है जब गोविंदा की निजी जिंदगी, उनकी पत्नी सुनीता आहूजा के साथ रिश्ते और अभिनेत्री कोमल रानी स्वर्णकार के साथ कथित संबंधों को लेकर सोशल मीडिया पर लगातार अटकलें चल रही हैं। इससे पहले गोविंदा के तलाक को लेकर भी कई दावे सोशल मीडिया पर सामने आए थे, जिन्हें बाद में गलत बताया गया।
झूठे और मनगढ़ंत कंटेंट पर कार्रवाई की चेतावनी
गोविंदा की ओर से जारी नोटिस में कथित तौर पर मीडिया संस्थानों, डिजिटल प्लेटफॉर्म और सोशल मीडिया कंटेंट क्रिएटर्स से कहा गया है कि वे अभिनेता या उनके परिवार के बारे में किसी भी झूठी, मानहानिकारक, दुर्भावनापूर्ण, मनगढ़ंत या अपुष्ट सामग्री को प्रकाशित या प्रसारित न करें।
नोटिस में विशेष रूप से डिजिटल तकनीक के जरिए तैयार या बदले गए कंटेंट का उल्लेख किया गया है। इसमें मॉर्फ्ड तस्वीरें, बदले हुए वीडियो, ऑडियो रिकॉर्डिंग, डीपफेक और AI से तैयार की गई सामग्री शामिल है।
कानूनी नोटिस में यह भी स्पष्ट किया गया है कि गोविंदा की पहचान, आवाज, तस्वीर या उनके जैसे दिखने वाली डिजिटल छवि का इस्तेमाल करके उनकी निजी या पारिवारिक जिंदगी से जुड़ी कोई सामग्री तैयार करने की अनुमति नहीं दी गई है। AI और दूसरी डिजिटल तकनीकों के बढ़ते इस्तेमाल के बीच यह चेतावनी खास तौर पर महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
दूसरी शादी की अफवाहों के बीच बढ़ा विवाद
हाल के दिनों में सोशल मीडिया पर दावा किया गया था कि गोविंदा ने कथित तौर पर कोमल रानी स्वर्णकार के साथ गुपचुप तरीके से कोर्ट मैरिज कर ली है। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। गोविंदा की निजी जिंदगी को लेकर इससे पहले भी कई तरह की अफवाहें सोशल मीडिया पर वायरल होती रही हैं।
19 अगस्त को सुनीता आहूजा को उनके बेटे यशवर्धन आहूजा के साथ मुंबई के बांद्रा फैमिली कोर्ट से बाहर निकलते हुए देखा गया था। इसके बाद गोविंदा के मैनेजर शशि सिन्हा ने कथित तौर पर पुष्टि की कि सुनीता ने अपनी तलाक की अर्जी वापस ले ली है। रिपोर्टों के अनुसार, यह याचिका करीब दो साल से लंबित थी।
इन घटनाओं के बीच अभिनेता की ओर से कानूनी नोटिस जारी किया जाना सोशल मीडिया पर चल रही अटकलों के खिलाफ स्पष्ट प्रतिक्रिया के तौर पर देखा जा रहा है।
AI और डीपफेक कंटेंट पर भी नजर
नोटिस में AI तकनीक और डिजिटल माध्यमों से गोविंदा की पहचान का कथित दुरुपयोग किए जाने पर भी आपत्ति जताई गई है। खास तौर पर ऐसी तस्वीरों, वीडियो या ऑडियो सामग्री को लेकर चेतावनी दी गई है, जिन्हें डिजिटल तकनीक की मदद से इस तरह तैयार किया गया हो कि वे वास्तविक दिखाई दें।
ऐसे मामलों में किसी सार्वजनिक व्यक्ति की आवाज, तस्वीर या पहचान का इस्तेमाल करके तैयार की गई फर्जी सामग्री तेजी से फैल सकती है और इससे प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचने के साथ-साथ गलत सूचना भी व्यापक स्तर पर प्रसारित हो सकती है।
गोविंदा की ओर से जारी कानूनी चेतावनी में ऐसे कंटेंट को आगे बढ़ाने वाले लोगों और प्लेटफॉर्म्स के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की संभावना जताई गई है। यदि कथित आपत्तिजनक सामग्री का प्रसार जारी रहता है, तो संबंधित पक्षों के खिलाफ मानहानि और अन्य कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई का रास्ता अपनाया जा सकता है।
फिलहाल अभिनेता की निजी जिंदगी से जुड़े सोशल मीडिया दावों को लेकर अलग-अलग तरह की चर्चाएं जारी हैं, लेकिन कानूनी नोटिस के जरिए गोविंदा की ओर से यह स्पष्ट संकेत दिया गया है कि अपुष्ट और कथित रूप से मानहानिकारक सामग्री के प्रसार को अब कानूनी चुनौती दी जाएगी।
